ईरानी राष्ट्रपति हसन रूहानी ने आज अंतर्राष्ट्रीय फिलिस्तीन कांफ्रेंस को सम्बोधित करते हुए फिलिस्तीन को एक गहरा और जानलेवा ज़ख्म बताते हुए कहा कि पिछले ७० वर्षों से फिलिस्तीन विश्व समुदाय और मुस्लिम जगत की आत्मा पर ज़ख्म बनकर रह गया है।
उन्होंने कहा कि हताश विश्व और कुछ बेशर्म अरब राष्ट्रों के सामने फिलिस्तीनी जनता उदाहरण है जो अपने अधिकार और स्वतन्त्रता के लिए निरंतर संघर्षरत है। रूहानी के अनुसार पश्चिमी साम्राज्यवाद ने अपनी सत्ता लोभ के कारण ७० साल पहले प्राकृतिक संसाधनों से मालामाल और सांस्कृतिक संपन्न मिडिल ईस्ट को मनचाहा रूप देने के लिए ज़ायोनिस्ट सत्ता स्थापित की। ज़ायोनिस्ट फिलिस्तीनी लोगों को शरणार्थी के रूप में विश्व समुदाय के सामने पेश करना चाह रहे हैं जिनका कोई देश नहीं होता।
ज्ञात रहे कि तेहरान में चल रही फिलिस्तीन इंटरनेशनल कांफ्रेंस में अनेक देशों से लगभग ८० संसदीय प्रतिनिधिमंडल भाग ले रहे हैं ।
23 फ़रवरी 2017 - 20:15
समाचार कोड: 813691
ईरानी राष्ट्रपति हसन रूहानी ने आज अंतर्राष्ट्रीय फिलिस्तीन कांफ्रेंस को सम्बोधित करते हुए फिलिस्तीन को एक गहरा और जानलेवा ज़ख्म बताते हुए कहा कि पिछले ७० वर्षों से फिलिस्तीन विश्व समुदाय और मुस्लिम जगत की आत्मा पर ज़ख्म बनकर रह गया है।